Silly Baatein | Mid Night Diary | Akanki Sharma
Micro Tales

सिली बातें | एकांकी शर्मा

“भैया, आप इतनी सिली बातें कैसे कर लेते हो?” “मैंने कब कुछ सिली कहा?” “ये जो अभी………….” “”मकसद तुम्हें हँसाना होता है।” “मेरी हँसी आपको अज़ीज़ है ना?” “बहुत।” “पर मैं हँस के क्या करुँगी?Continue reading

Main Kalakaar Kehlata Hun | Mid Night Diary | Vishakha Kamra
Poetry

मैं कलाकार कहलाता हूँ | विशाखा कामरा | विश्व रंगमंच दिवस

मैदान हो या, हो मंच सही, हर गली-गली में भीङ खङी और देख मुझे हर पेङ-पात पर खुशहाली की लङी लङी उस लङी लङी से चुनकर कुछ चेहरों में साँसे भरता हूँ किरदारों में जीवनContinue reading

Poetry

आज भी वो तुझे प्यार नहीं करता | अनुप्रिया अग्रहरि 

आज शाम जब मैं कॉलेज से आ रही थी। फिर उसका मुस्कुराता चेहरा देखा।। उसके दिल की धड़कनों को सुना। तो लगा शायद आज भी ये मेरे लिए ही धड़कती है।। फिर उस मुस्कान मेContinue reading

Short Stories

भागी हुई लड़कियाँ | भावना त्रिपाठी

कैसा नकारात्मक शब्द है न भागना! जैसे कायरता को परिभाषित कर रहा हो। पीठ दिखा कर भाग जाना कोई बहादुरी का काम है भला? कितनी भी मुसीबत हो, मुश्किल हालातों का डटकर सामना करना चाहिए,Continue reading

Poetry

पता नहीं | अनुप्रिया अग्रहरि

पता नहीं उसके ख्यालों में मैं हूँ या नहीं। पर मेरे ख्यालों में वो हर वक़्त रहता है।। पता नहीं उसके सांसों में मेरी खुश्बू है या नहीं। पर मेरे सांसों में उसकी खुशबू हरContinue reading

Mohabbat Kiye Jaa Rahe Hain Sab | Mid Night Diary | Prashant Sharma
Poetry

मोहब्बत किए जा रहे हैं सब | प्रशान्त शर्मा 

मोहब्बत मोहब्बत किए जा रहे हैं सब। इलाज़ पता नही किसी को, बीमार हुए जा रहे हैं सब। कोई बाज़ार मालुम होता है ये, खैरात में दिल दिए जा रहे हैं सब। वो जो महसूस होताContinue reading

Ghazal

ख़ैर छोड़ो फिर कभी | शुभम् गोस्वामी “आग़ाज़”

क्या हमारी बात होगी.? ख़ैर छोड़ो फिर कभी। इक नई शुरुवात होगी.? ख़ैर छोड़ो फिर कभी।। सीख कर आया हूँ फिर से इश्क़ का शतरंज मैं। अबके उसकी मात होगी.? ख़ैर छोड़ो फिर कभी।। पाक़Continue reading

Tanhaai | Mid Night Diary | Aditi Chatterjee
Poetry

तन्हाई | अदिति चटर्जी

है मेरी हमसफर, ये तन्हाई अकेले में लिपटकर प्यार जताती है अपना भिड़ में देखती रहती है मुझे दूर से शायद दिलाना चाहती हो एहसास उसके साथ का। मेरी आँखों में सिमटकर ढूँढ़ती रहती हैContinue reading

Jeevan Bhar Jo Yaad Rahega | Mid Night Diary | Rahul Vyas
Poetry

जीवन भर जो याद रहेगा | राहुल व्यास

एहसासों के पन्नें लेकर मैं स्वांसों के छंद लिखूंगा । जीवन भर जो याद रहेगा मैं एक ऐसा बंध लिखूंगा ।। जीवन के कोलाहल से कुछ वक़्त चुराकर लाया हूँ इन स्याह अँधेरी रातों सेContinue reading

Doosra Ishq | Mid Night Diary | Manjari Soni
Poetry

दूसरा इश्क़ | मंजरी सोनी

सुनो,मुझे दोबारा इश्क़ हो गया हैं हा,सही सुना तुमने के मुझे फिर ये हवा ने छुआ है। वो तुम्हारी ही तरह है, रात भर सुनता हैं,मुझे हाँ,मुझे सीने से लगा कर तो कभी उसके सीनेContinue reading