Day: October 30, 2017

Bahroopiya Prem | Mid Night Diary | Veebha Parmar
Poetry

Bahroopiya Prem | Veebha Parmar

प्रेम बहरूपियापन से कम नहीं प्रेम के अनेकों रूप बेचैनी छटपटाहट आशा निराशा आकर्षण मौन खनकती हँसी जो बयां कर देती है सबकुछ तुम्हारा मेरे अंदर रोज़ बढ़ना और मेरे अंदर मेरा ही कम होContinue reading

Lakadi Ka Radio | Mid Night Diary | Anubhav Kush
Short Stories

Lakadi Ka Radio | Anubhav Kush

दीवाली……! दीवाली सिर्फ दीवाली नहीं बल्कि एक ओवरडोज होता है। सबकुछ तो होता है इसमें – सफाई, दीवारों में नए रंग, बहुत सारी झालरें और पटाखे भी। उन दिनों मेरी उम्र थी बारह साल, क्लासContinue reading