Day: October 3, 2017

Short Stories

आ अब लौट चलें | सौरभ मौर्या

अभी अभी गांव से लौटा हूँ। बहुत दिनों के बाद गया था। गांव में बहुत कुछ बदल गया है। सड़के पक्की हो गई हैं, नालियां भी बन गई हैं, झोपड़ियों की जगह पक्के मकानों नेContinue reading