Day: August 31, 2017

Ek Baag Me | Mid Night Diary | Amita Gautam
Poetry

एक बाग़ में | अमिता गौतम

कोमल सी पखुड़िया, रगं उसका लाल, सौन्दर्य मे वो सबसे कमाल, है महक उसकी मनमोहक नशीली, एक बाग मे सुमन अकेली.. न अहंकार, न कोई कमी, उसको प्यारी इस देश की ज़मी, हंसती,मुस्कुराती, चंचल मनContinue reading