Day: July 19, 2017

Benaam Khat, Micro Tales

मनमर्ज़ियाँ | अमन सिंह

पहले मैं कुछ और सोच रहा था, लेकिन अब कुछ और सोच रहा हूँ.. पर यह सोचना भी कितना मुश्किल है कि ऐसा क्या सोच रहा हूँ कि जिसके लिए इतना सोचना पड़ रहा है।Continue reading